पुष्य की शीतलता और आत्मा का मौन
आज चंद्रमा कर्क राशि में पुष्य नक्षत्र के साथ चमक रहा है। पुष्य पोषण का प्रतीक है, पर इसके पीछे एक गहरा एकांत भी है। हमें आज उन पुरानी स्मृतियों को खंगालना होगा जो हमारे अवचेतन की सतह पर तैर रही हैं। केतु अभी मघा में है, तो आप शायद पितृ ऋण या बीते कल के उन बोझों को महसूस कर रहे होंगे जिन्हें हम ढोते आ रहे हैं। राहु का कुंभ में होना बदलाव की बेचैनी लाता है, लेकिन पुष्य की शांति इसे थामने की कोशिश करती है। आपको आज बहुत भागदौड़ नहीं करनी चाहिए। ये समय खुद के साथ बैठकर ये समझने का है कि क्या छूट गया और क्या छोड़ना ज़रूरी है। इमोशनल निर्णय लेने से बचें, क्योंकि चंद्रमा आज बहुत कोमल है। अगर उलझन बढ़ रही हो, तो अपनी कुंडली के ग्रहों की स्थिति चेक करने के लिए ‘Vyom’ का उपयोग करें। वहां आपको स्पष्टता मिलेगी। आज का दिन किसी नए प्रोजेक्ट की शुरुआत के लिए नहीं, बल्कि खुद को व्यवस्थित करने के लिए है। अपनी ऊर्जा बचाकर रखें। सब कुछ एक लय में है, बस आपको अपनी धड़कनें उस लय से मिलानी हैं। क्या आपने गौर किया कि आज मन कहीं और ही भटक रहा है?
Celestial Responses (5)